देहरादून | 24 फरवरी, 2026
उत्तराखंड में होने जा रहे महाकुंभ 2027 की तैयारियों को केंद्र सरकार की ओर से बड़ा संबल मिला है। भारत सरकार द्वारा कुंभ मेले के लिए ₹500 करोड़ की धनराशि जारी किए जाने पर मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार का हृदय से आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने इसे ‘सनातन संस्कृति के सम्मान’ और ‘उत्तराखंड के विकास’ की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम बताया।
दिव्य और भव्य कुंभ का मार्ग प्रशस्त
मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ मेला केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह भारत की आध्यात्मिक विरासत और सामाजिक समरसता का विश्वविख्यात महापर्व है। केंद्र सरकार द्वारा स्वीकृत यह भारी-भरकम धनराशि मेले को दिव्य, भव्य और सुव्यवस्थित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
इन क्षेत्रों में आएगी कार्यों में तेजी
मुख्यमंत्री के अनुसार, इस बजट के माध्यम से कुंभ क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं को नया रूप दिया जाएगा:
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इन्फ्रास्ट्रक्चर: सड़कों, पुलों और घाटों के सुदृढ़ीकरण के कार्यों को गति मिलेगी।
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यातायात प्रबंधन: देश-विदेश से आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं के लिए सुगम आवागमन की व्यवस्था की जाएगी।
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स्वच्छता और पेयजल: गंगा की निर्मलता बनाए रखने और श्रद्धालुओं के लिए स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता सर्वोच्च प्राथमिकता होगी।
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सुरक्षा व्यवस्था: आधुनिक सुरक्षा तंत्र और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं का ढांचा तैयार किया जाएगा।
‘डबल इंजन’ सरकार का संकल्प
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार उत्तराखंड के विकास के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है। चारधाम परियोजना, ऑल वेदर रोड और रेल कनेक्टिविटी के बाद अब कुंभ के लिए मिला यह सहयोग राज्य सरकार के संकल्प को और मजबूती प्रदान करेगा। उन्होंने विश्वास दिलाया कि केंद्र और राज्य के साझा प्रयासों से यह कुंभ ऐतिहासिक और सुरक्षित होगा।
“हमारी सरकार समयबद्धता, पारदर्शिता और गुणवत्ता के साथ कुंभ 2027 का आयोजन करने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि श्रद्धालुओं को देवभूमि का उत्कृष्ट अनुभव मिल सके।” — पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री
