देहरादून: उत्तराखंड में महाकुंभ 2027 की तैयारियाँ अब युद्ध स्तर पर शुरू हो गई हैं। सचिवालय में मुख्य सचिव श्री आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में आयोजित उच्च स्तरीय समिति (HPC) की बैठक में कुंभ से जुड़ी कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं को हरी झंडी दे दी गई है। मुख्य सचिव ने स्पष्ट किया है कि बुनियादी ढांचे से जुड़े सभी स्थाई निर्माण कार्यों को अक्टूबर 2026 तक अनिवार्य रूप से पूर्ण कर लिया जाए।
कुंभ मेला 2027: मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने दिए कड़े निर्देश, निर्माण कार्य की तैयारी जारी।
कुंभ मेला 2027: मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने दिए कड़े निर्देश
छोटे कार्यों के लिए ‘पॉवर डेलीगेट’, टेंडर प्रक्रिया में तेजी
कुंभ मेला 2027: मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने दिए कड़े निर्देश
बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने प्रशासनिक सुस्ती को दूर करने के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए। उन्होंने निर्देश दिए कि:
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त्वरित स्वीकृति: जिन कार्यों के अभी तक शासनादेश (GO) जारी नहीं हुए हैं, उन्हें तत्काल जारी किया जाए।
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अधिकारों का विकेंद्रीकरण: एक करोड़ रुपये से कम लागत के अस्थायी कार्यों की मंजूरी अब आयुक्त गढ़वाल की अध्यक्षता वाली समिति दे सकेगी, ताकि फाइलों के निस्तारण में देरी न हो।
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एजेंसी एम्पैनलमेंट: टेंट, बैरिकेडिंग और अन्य व्यवस्थाओं के लिए एजेंसियों को सूचीबद्ध (Empanel) करने हेतु बिडिंग प्रक्रिया तुरंत शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं।
धार्मिक स्थलों का विकास और यातायात प्रबंधन
कुंभ मेले के मुख्य आकर्षण चंडी देवी और मनसा देवी मंदिरों से जुड़े विकास कार्यों को प्राथमिकता पर रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही:
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कनखल ट्रैफिक प्लान: हरिद्वार के कनखल क्षेत्र में भीड़ और ट्रैफिक जाम की समस्या को दूर करने के लिए एक विशेष योजना तैयार कर शीघ्र प्रस्तुत करने को कहा गया है।
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सांस्कृतिक कार्ययोजना: सूचना, पर्यटन और संस्कृति विभाग को अगली बैठक में अपनी विस्तृत कार्ययोजना और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का खाका पेश करने के निर्देश दिए गए हैं।
191 करोड़ की परियोजनाओं पर काम शुरू
मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका ने बैठक में जानकारी दी कि वर्तमान में विभिन्न विभागों के ₹191.30 करोड़ की लागत वाले कुल 33 कार्यस्वीकृत हैं।
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इनमें से 31 कार्यों पर धरातल पर काम शुरू हो चुका है।
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शेष 2 कार्यों के लिए निविदा (Tender) प्रक्रिया गतिमान है।
सभी अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि निर्माण कार्यों की समयसीमा (अक्टूबर 2026) का कड़ाई से पालन किया जाएगा।
पारदर्शिता के लिए तैनात होगी ऑडिट टीम
मुख्य सचिव ने कुंभ कार्यों में पारदर्शिता और वित्तीय अनुशासन सुनिश्चित करने के लिए एक समर्पित ऑडिट टीम तैनात करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने विभागीय सचिवों और विभागाध्यक्षों को स्वयं मॉनिटरिंग करने और हर ‘सचिव समिति’ की बैठक में प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है।
मुख्य उपस्थिति: बैठक में प्रमुख सचिव श्री आरके सुधांशु, सचिव श्री शैलेश बगौली, श्री नितेश कुमार झा, डॉ. पंकज कुमार पाण्डेय समेत शासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
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