देहरादून: राजधानी देहरादून की शांति और कानून-व्यवस्था को अक्षुण्ण बनाए रखने के लिए धामी सरकार ने सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। मंगलवार को सचिवालय में आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में मुख्य सचिव श्री आनंद बर्द्धन ने शहर में बढ़ रही रोड रेज और हुड़दंग की घटनाओं पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने स्पष्ट किया कि देवभूमि की संस्कृति और मर्यादा से खिलवाड़ करने वाले तत्वों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
हुड़दंगियों का अड्डा नहीं बनेगा देहरादून
मुख्य सचिव ने पुलिस प्रशासन को निर्देशित किया है कि वीकेंड (सप्ताहांत) पर देहरादून को ‘पार्टी और हुड़दंगियों का अड्डा’ न बनने दिया जाए। उन्होंने एसएसपी देहरादून को निर्देश दिए कि सभी थाना प्रभारियों के माध्यम से पीक ऑवर, डे-नाइट पेट्रोलिंग और विशेष रूप से मॉर्निंग पेट्रोलिंग को बढ़ाया जाए। मुख्य सचिव ने कहा कि बार और रेस्टोरेंट के बंद होने के निर्धारित समय का कड़ाई से पालन कराया जाए और नियमों का उल्लंघन करने वाले बार संचालकों पर कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाए।
दिल्ली-देहरादून हाईवे खुलने के बाद नई चुनौतियां
बैठक में मुख्य सचिव ने एक महत्वपूर्ण बिंदु की ओर ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे के पूरी तरह खुलने के बाद सप्ताहांत में पर्यटकों और बाहरी वाहनों की आवाजाही में भारी वृद्धि होने की संभावना है। इसके लिए पुलिस विभाग को अभी से विशेष कार्ययोजना तैयार करने की आवश्यकता है। यातायात प्रबंधन के साथ-साथ बाहरी तत्वों की निगरानी के लिए किरायेदारों और पीजी (PG) में रहने वालों का सघन सत्यापन अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए हैं।
होम-स्टे और अवैध गतिविधियों पर पैनी नजर
मुख्य सचिव ने पर्यटन के नाम पर हो रहे दुरुपयोग को रोकने के लिए होम-स्टे की मैपिंग के निर्देश दिए हैं। उन्होंने चिंता जताई कि कुछ होम-स्टे, जो पर्यटन प्रोत्साहन के लिए बनाए गए थे, कहीं बार लाइसेंस लेकर इसका गलत इस्तेमाल तो नहीं कर रहे हैं। इसके साथ ही, उन्होंने अवैध बार संचालकों और अपनी ड्यूटी में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई करने की चेतावनी दी है।
प्रशासनिक मुस्तैदी और टीम वर्क
बैठक में सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद करने के लिए गृह और पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ काम करने को कहा गया। इस उच्च स्तरीय बैठक में डीजीपी श्री दीपम सेठ, सचिव गृह श्री शैलेश बगौली, आयुक्त गढ़वाल श्री विनय शंकर पाण्डेय और जिलाधिकारी देहरादून श्री सविन बंसल सहित पुलिस और प्रशासन के तमाम आला अफसर मौजूद रहे।
मुख्य सचिव के इन कड़े निर्देशों से साफ है कि आने वाले दिनों में देहरादून और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस की सक्रियता काफी बढ़ने वाली है। शांति व्यवस्था बनाए रखने और सुरक्षित पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए प्रशासन अब ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर काम कर रहा है।
