बनबसा/चम्पावत। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी का संवेदनशील और मानवीय व्यक्तित्व एक बार फिर जनता के बीच देखने को मिला। चम्पावत जनपद के भ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री ने विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर हाल ही में अपने परिजनों को खोने वाले शोक संतप्त परिवारों से मुलाकात की। दुःख की इस घड़ी में स्वयं परिवारों के बीच पहुंचकर उनका ढांढस बंधाना और हरसंभव मदद का भरोसा देना यह दर्शाता है कि मुख्यमंत्री केवल एक जनप्रतिनिधि नहीं, बल्कि प्रदेशवासियों के सुख-दुःख के सच्चे सहभागी हैं।
अपने दौरे के अंतर्गत मुख्यमंत्री धामी सबसे पहले देशीफार्म, बनबसा में श्री बलवीर कश्यप के आवास पर पहुंचे। वहां उन्होंने बलवीर कश्यप की पूजनीय माता स्वर्गीय श्रीमती प्रेमा देवी के निधन पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की और शोक संतप्त परिजनों को सांत्वना दी। इस दौरान सरकार की संवेदनशीलता का परिचय देते हुए मुख्यमंत्री ने वन विभाग की ओर से सर्पदंश (सांप के काटने) से पीड़ित परिवार को 3 लाख रुपये की आर्थिक सहायता राशि का चेक भी प्रदान किया।
चन्दफार्म में शोक संतप्त परिवारों से की मुलाकात
देशीफार्म के बाद मुख्यमंत्री चन्दफार्म क्षेत्र का रुख किया, जहां वे श्री दिनेश चन्द्र जोशी के आवास पर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने दिनेश चन्द्र जोशी के पुत्र स्वर्गीय श्री नितिन जोशी के आकस्मिक और असमय निधन पर गहरा दुःख व्यक्त किया। उन्होंने शोकाकुल परिवार को सांत्वना देते हुए सरकार की ओर से हरसंभव सहयोग और मदद का पूरा भरोसा दिलाया।
इसी क्रम में मुख्यमंत्री चन्दफार्म निवासी श्री हरीश चन्द के आवास पर भी गए। वहां उन्होंने हरीश चन्द के पूजनीय पिता स्वर्गीय श्री देवेन्द्र चन्द के निधन पर अपनी गहरी संवेदनाएं प्रकट कीं और ईश्वर से दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान देने की प्रार्थना की।
आत्मीय व्यवहार से बने जन-जन के प्रिय नेता
मुश्किल और अत्यंत भावुक कर देने वाले पलों में सूबे के मुख्य सेवक को अपने बीच पाकर स्थानीय निवासी और पीड़ित परिवार काफी भावुक नजर आए। स्थानीय लोगों का कहना है कि दुःख की इस घड़ी में मुख्यमंत्री का स्वयं आकर हाथ थामना और एक अभिभावक की तरह खड़े रहना बेहद संबल देता है। उत्तराखण्ड की जनता के प्रति मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी का यही आत्मीय व्यवहार, सेवा भाव और संवेदनशीलता उन्हें जन-जन का लोकप्रिय नेता बनाती है।
