देहरादून: मुख्यमंत्री आवास में मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के समक्ष खेल विभाग द्वारा नैनीताल जिले के गौलापार स्थित उत्तराखण्ड क्रीड़ा विश्वविद्यालय के निर्माण कार्यों की प्रगति का विस्तृत प्रेजेंटेशन दिया गया। इस समीक्षा बैठक में विश्वविद्यालय परिसर में बनाई जा रही खेल अवसंरचना, अकादमिक भवनों, छात्रावासों, स्पोर्ट्स साइंस सेंटर और रिसर्च फैसिलिटीज की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की गई।
विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस होगा परिसर
समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी निर्माण कार्य तय समय-सीमा के भीतर पूरे किए जाएं और निर्माण की गुणवत्ता से किसी भी तरह का समझौता न किया जाए।
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स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर: अंतरराष्ट्रीय मानकों के इंडोर व आउटडोर खेल परिसर और आधुनिक खेल मैदान बनाए जाएंगे।
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स्पोर्ट्स साइंस व मेडिसिन: खिलाड़ियों के शारीरिक व मानसिक विकास के लिए स्पोर्ट्स साइंस, मेडिसिन और हाई-परफॉर्मेंस ट्रेनिंग सेंटर विकसित होंगे।
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रिसर्च व मैनेजमेंट: खेल प्रबंधन और खेल अनुसंधान (Sports Research) से जुड़े उन्नत विभागों को प्राथमिकता दी जाएगी।
नई खेल नीति और ‘लिगेसी प्लान’ पर फोकस
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह केवल एक शैक्षणिक संस्थान नहीं है, बल्कि यह उत्तराखण्ड के खेल भविष्य को नई दिशा देने वाली परियोजना है।
“हमारी सरकार का उद्देश्य केवल मेडल जीतना नहीं, बल्कि प्रदेश में एक सुदृढ़ खेल संस्कृति विकसित करना है। उत्तराखण्ड क्रीड़ा विश्वविद्यालय को राज्य की नई खेल नीति, खेल विजन और लिगेसी प्लान के अनुरूप विकसित किया जा रहा है, ताकि यह संस्थान हमारे खिलाड़ियों, कोचों और खेल वैज्ञानिकों के लिए वैश्विक अवसर पैदा कर सके।”— श्री पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री
पारदर्शिता और मॉनिटरिंग के निर्देश
CM धामी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे इस प्रोजेक्ट की नियमित आधार पर मॉनिटरिंग करें। उन्होंने कहा कि निर्माण में तकनीकी मानकों का कड़ाई से पालन होना चाहिए ताकि यह संरचना दीर्घकालिक उपयोगिता दे सके। इस अवसर पर खेल मंत्री श्रीमती रेखा आर्या, विशेष प्रमुख सचिव श्री अमित सिन्हा और खेल विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
