देहरादून | 25 फरवरी, 2026
उत्तराखण्ड सरकार द्वारा अपनाए जा रहे सुदृढ़ वित्तीय प्रबंधन और राजकोषीय अनुशासन को राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी मान्यता मिली है। भारत सरकार ने पूंजीगत निवेश हेतु विशेष सहायता योजना (SASCI) के भाग-IX के अंतर्गत उत्तराखण्ड को ₹350 करोड़ की अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि स्वीकृत की है। इस महत्वपूर्ण वित्तीय प्रोत्साहन के लिए मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार का हृदय से आभार व्यक्त किया है।
‘वित्तीय प्रबंधन में दक्षता’ के लिए मिली पहचान
यह प्रोत्साहन राशि विशेष रूप से “वित्तीय प्रबंधन में दक्षता” (Efficiency in Financial Management) के लिए प्रदान की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह उपलब्धि राज्य सरकार द्वारा अपनाई गई पारदर्शिता, कर संग्रह में वृद्धि और व्यय नियंत्रण की नीतियों का सीधा परिणाम है।
उत्तराखण्ड की इन उपलब्धियों को केंद्र ने सराहा:
मुख्यमंत्री ने रेखांकित किया कि उत्तराखण्ड ने कई क्षेत्रों में सुधार आधारित शासन मॉडल पेश किया है:
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डिजिटल गवर्नेंस: डिजिटल भुगतान प्रणाली और ई-बजट प्रबंधन को सशक्त करना।
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राजस्व सुधार: कर संग्रह के साथ-साथ खनन क्षेत्र में ई-टेंडरिंग और ऑनलाइन मॉनिटरिंग के माध्यम से राजस्व में भारी वृद्धि।
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परिवहन सुधार: परिवहन विभाग में तकनीकी सुधारों और पारदर्शिता के माध्यम से सेवाओं को बेहतर बनाना।
सुधारों का सिलसिला: खनन और परिवहन के बाद अब वित्तीय प्रबंधन
उल्लेखनीय है कि यह पहली बार नहीं है जब राज्य को सुधारों के लिए पुरस्कार मिला हो। इससे पूर्व भी उत्तराखण्ड को खनन क्षेत्र और परिवहन विभाग में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए केंद्र से प्रोत्साहन राशि प्राप्त हो चुकी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह दर्शाता है कि उत्तराखण्ड अब राष्ट्रीय स्तर पर एक ‘रिफॉर्म ओरिएंटेड’ (सुधार केंद्रित) राज्य के रूप में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है।
‘विकास भी, विरासत भी’ का संकल्प
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन को श्रेय देते हुए श्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार ‘विकास भी, विरासत भी’ के मूल मंत्र के साथ आगे बढ़ रही है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि केंद्र से प्राप्त यह ₹350 करोड़ की राशि राज्य की महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं को नई गति देगी और उत्तराखण्ड को देश के अग्रणी राज्यों की श्रेणी में स्थापित करने में सहायक सिद्ध होगी।
“यह प्रोत्साहन राशि हमारे सुशासन और वित्तीय पारदर्शिता के संकल्प को और मजबूती प्रदान करेगी।” — पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री
