देहरादून: राजधानी के ऐतिहासिक परेड ग्राउंड में आज स्वास्थ्य, पर्यावरण और सामुदायिक एकजुटता का अद्भुत संगम देखने को मिला। भारत सरकार के युवा एवं खेल मंत्रालय और भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) के तत्वावधान में “फिट इंडिया संडेज़ ऑन साइकिल” के 61वें संस्करण का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम ने न केवल फिटनेस का संदेश दिया, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति भी नागरिकों को जागरूक किया।
हजारों साइकिल चालकों ने भरी उत्साह की उड़ान
सुबह की ताजी हवा के बीच आयोजित इस साइकिलिंग इवेंट में 1000 से अधिक प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। इसमें स्कूली बच्चों से लेकर पेशेवर साइकिल चालक, युवा और वरिष्ठ नागरिकों तक, हर आयु वर्ग के फिटनेस प्रेमियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम की शुरुआत केवल साइकिलिंग तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसमें योग सत्र और वार्म-अप ड्रिल्स ने इसे एक ‘समग्र स्वास्थ्य उत्सव’ का रूप दे दिया।
दिग्गज खिलाड़ियों की उपस्थिति ने बढ़ाया उत्साह
कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाने के लिए खेल जगत की कई जानी-मानी हस्तियां मौजूद रहीं। इन चैंपियंस ने युवाओं से संवाद कर उन्हें अनुशासन और नियमित व्यायाम की सीख दी:
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नूपुर श्योराण: भारतीय बॉक्सिंग की उभरती हैवीवेट खिलाड़ी।
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योगिता बाली: पूर्व अंतरराष्ट्रीय हॉकी गोलकीपर एवं कोच।
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मनीष सिंह रावत: ओलंपियन रेस वॉकर।
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विशेष भृगुवंशी: अर्जुन पुरस्कार विजेता बास्केटबॉल खिलाड़ी।
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ताशी मलिक: तेनजिंग नोर्गे नेशनल एडवेंचर अवॉर्ड से सम्मानित पर्वतारोही।
“खिलाड़ी न सही, पर खेल भावना अनिवार्य”: भगत सिंह कोश्यारी
उत्तराखण्ड के पूर्व मुख्यमंत्री श्री भगत सिंह कोश्यारी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। युवाओं को प्रेरित करते हुए उन्होंने कहा:
“चाहे कोई व्यक्ति पेशेवर खिलाड़ी हो या न हो, उसके भीतर ‘खेल भावना’ (Sportsmanship) का होना अनिवार्य है। यही भावना जीवन के हर संघर्ष में सफलता की कुंजी है।”
उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की कार्यशैली का उदाहरण देते हुए युवाओं को फिटनेस और अनुशासन को जीवनशैली का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
एक जनआंदोलन बनता “फिट इंडिया”
केंद्रीय युवा मामले एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया द्वारा दिसंबर 2024 में शुरू की गई यह पहल अब एक राष्ट्रव्यापी अभियान बन चुकी है।
यह अभियान न केवल मोटापे के खिलाफ जंग है, बल्कि प्रदूषण मुक्त भविष्य की ओर एक बढ़ाता कदम भी है, जो नागरिकों को अपना कार्बन फुटप्रिंट कम करने के लिए प्रेरित करता है।
