हल्द्वानी। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने आज हल्द्वानी स्थित डॉ सुशीला तिवारी राजकीय मेडिकल कॉलेज प्रेक्षागृह में आयोजित ‘वरिष्ठ नागरिक सम्मान एवं खेल समारोह-2026’ में प्रतिभाग किया। इस गरिमामय अवसर पर मुख्यमंत्री ने बुजुर्गों को समाज और राष्ट्र की अमूल्य धरोहर बताते हुए उनके सम्मान और सुरक्षा के प्रति राज्य सरकार की अटूट प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि वरिष्ठजनों का अनुभव और मार्गदर्शन ही समाज को सही दिशा प्रदान करता है और बुजुर्गों का सम्मान ही किसी भी सभ्य समाज की वास्तविक पहचान है।
बुजुर्गों के लिए सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा का चक्र
मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का विवरण देते हुए बताया कि उत्तराखण्ड में वर्तमान में 6 लाख से अधिक वरिष्ठजनोंको वृद्धावस्था पेंशन योजना का लाभ मिल रहा है। पेंशन की राशि 1500 रुपये प्रतिमाह डीबीटी के माध्यम से सीधे खातों में भेजी जा रही है। सरकार ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए पति-पत्नी दोनों को अलग-अलग पेंशन देने का निर्णय लिया है, जिससे बुजुर्ग दंपत्तियों की आर्थिक आत्मनिर्भरता और सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित हुई है।
वृद्धाश्रमों का विस्तार और आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएँ
वरिष्ठ नागरिकों के आश्रय और स्वास्थ्य पर सरकार के विशेष फोकस को रेखांकित करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में वृद्धाश्रमों के नेटवर्क को मजबूत किया जा रहा है। बागेश्वर, चमोली और उत्तरकाशी में राजकीय वृद्धाश्रमों के संचालन के साथ ही देहरादून, अल्मोड़ा और चम्पावत में नए भवनों का निर्माण कार्य प्रगति पर है। विशेष रूप से रुद्रपुर में एक आधुनिक मॉडल वृद्धाश्रम का निर्माण किया जा रहा है। स्वास्थ्य के क्षेत्र में, राष्ट्रीय वयोश्री योजना के तहत इस वर्ष 1300 वरिष्ठ नागरिकों की निशुल्क मोतियाबिंद सर्जरी का लक्ष्य रखा गया है।
जेरियाट्रिक केयर और प्रशिक्षण पर जोर
बुजुर्गों की देखभाल के लिए विशेषज्ञ मानव संसाधन तैयार करने के उद्देश्य से राज्य में पहली बार जेरियाट्रिक केयर गिवर प्रशिक्षण कार्यक्रमको बढ़ावा दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि अटल वयोअभ्युदय योजना के माध्यम से वरिष्ठ नागरिकों को पोषण, स्वास्थ्य और मनोरंजन जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसके साथ ही, माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण अधिनियम को कड़ाई से लागू किया गया है, ताकि बुजुर्गों को उनके कानूनी अधिकार और सम्मानपूर्ण जीवन प्राप्त हो सके।
खेल और उत्साह: उम्र केवल एक संख्या
समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने वरिष्ठ नागरिकों द्वारा वॉलीबॉल, फुटबॉल और बैडमिंटन जैसी खेल प्रतियोगिताओं में दिखाई गई सक्रियता की जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि बुजुर्गों का यह उत्साह समाज को यह संदेश देता है कि उम्र केवल एक संख्या है और जीवन में ऊर्जा का कोई विकल्प नहीं है। मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार की अटल वयोअभ्युदय, प्रधानमंत्री वय वंदना और राष्ट्रीय वयोश्री जैसी योजनाओं का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वरिष्ठजनों के कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की बात कही।
