देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री आवास में एक महत्वपूर्ण शिष्टाचार भेंट के दौरान मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी और राजस्थान सरकार के कैबिनेट मंत्री (स्कूल शिक्षा, पंचायती राज एवं संस्कृत शिक्षा) श्री मदन दिलावर के बीच विभिन्न समसामयिक विषयों पर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ। इस मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने विशेष रूप से शिक्षा व्यवस्था, पंचायती राज संस्थाओं के सशक्तीकरण, और भारतीय संस्कृति व संस्कृत भाषा के संरक्षण और संवर्धन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपने विचार साझा किए।
नवाचार और स्थानीय स्वशासन पर गहन मंथन
इस अवसर पर दोनों राज्यों के बीच शिक्षा के क्षेत्र में नए प्रयोगों (नवाचार), गुणवत्तापूर्ण शिक्षण व्यवस्था, ग्रामीण विकास तथा स्थानीय स्वशासन को जमीन पर और अधिक प्रभावी बनाने की रणनीतियों पर भी गहन चर्चा की गई। दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि ग्रामीण स्तर पर विकास को गति देने के लिए स्थानीय निकायों को और मजबूत करना जरूरी है।
उत्तराखंड में नई शिक्षा नीति और डिजिटल शिक्षा पर जोर
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड सरकार द्वारा उठाए जा रहे ऐतिहासिक कदमों को रेखांकित किया। उन्होंने राज्य में नई शिक्षा नीति (NEP) के प्रभावी क्रियान्वयन, विद्यालयी शिक्षा के सुदृढ़ीकरण, डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने तथा पंचायतों को और अधिक आत्मनिर्भर व सशक्त बनाने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। मुख्यमंत्री धामी ने विशेष जोर दिया कि भारतीय संस्कृति, देववाणी संस्कृत भाषा और हमारे पारंपरिक ज्ञान के संरक्षण के लिए विभिन्न राज्यों के बीच अनुभवों का निरंतर आदान-प्रदान बेहद आवश्यक है।
राजस्थान के कैबिनेट मंत्री ने की उत्तराखंड के प्रयासों की सराहना
वहीं, राजस्थान के कैबिनेट मंत्री श्री मदन दिलावर ने उत्तराखंड सरकार की नीतियों और विकास कार्यों की जमकर सराहना की। उन्होंने शिक्षा, संस्कृति संरक्षण तथा ग्रामीण विकास के क्षेत्र में उत्तराखंड द्वारा किए जा रहे अभिनव कार्यों को अनुकरणीय बताया। श्री दिलावर ने दोनों राज्यों के साझा हितों पर बात करते हुए इस बात पर बल दिया कि भविष्य में शिक्षा, संस्कृति एवं स्थानीय स्वशासन से जुड़े विषयों पर उत्तराखंड और राजस्थान के मध्य सहयोग, समन्वय और आपसी साझेदारी को और अधिक मजबूत बनाया जाएगा।
